हरिद्वार। उत्तराखंड संस्कृत विश्वविद्यालय के भाषा एवं आधुनिक ज्ञान विज्ञान विभाग में हिंदी पखवाड़े और शिक्षक दिवस के अवसर पर आशु कविता पाठ प्रतियोगिता आयोजित की गई। प्रतियोगिता में शास्त्री एवं आचार्य स्तर के हिंदी विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ प्रतिभाग किया। प्रतिभागियों को मंच पर ही तात्कालिक विषय दिए गए, जिन पर उन्होंने मौके पर कविता रचकर अपनी कल्पनाशीलता, मौलिक सोच और अभिव्यक्ति क्षमता का परिचय दिया।
प्रतियोगिता के दौरान विद्यार्थियों ने दिए गए विषयों पर तत्काल काव्य रचनाएं प्रस्तुत कीं। उनकी प्रस्तुतियों से कार्यक्रम में साहित्यिक वातावरण बना रहा। प्रतियोगिता का उद्देश्य विद्यार्थियों में हिंदी साहित्य के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ तात्कालिक सोच और प्रभावी अभिव्यक्ति क्षमता का विकास करना रहा।
कार्यक्रम के प्रेरणास्रोत वरिष्ठ प्रोफेसर एवं साहित्यकार डॉ. दिनेश चंद्र चमोला ने गुरु-शिष्य परंपरा और शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह के आयोजन विद्यार्थियों की प्रतिभा को मंच देने के साथ उनके सर्वांगीण विकास में सहायक होते हैं।
आशु कविता पाठ प्रतियोगिता में सिद्धार्थ जोशी ने प्रथम, दुर्गेश पांडेय ने द्वितीय और अभिषेक ममगाईं ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। विजेता विद्यार्थियों को सम्मानित कर प्रोत्साहित किया गया। प्रतियोगिता में निर्णायक की भूमिका डॉ. अनूप बहुखंडी और डॉ. धीरज ने निभाई। इस दौरान बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।













Users Today : 177
Users Yesterday : 147